शाबाश राहुल !!! आपने शिवसैनिकों की धमकियों के बावजूद मुंबई में एक आम मुंबईकर की तरह सड़कों और लोकल ट्रेन में सफर कर मुंबई के शेरों को उनके ही मांद में दुबकने पर मजबूर कर दिया। वाकई में आप आम युवाओं के आदर्श हो सकते हैं। आपने भारतवासियों को संदेश दे दिया कि मुंबई हम सब की है और किसी की गीदड़ धमकी से डरने की जरूरत नहीं। ऐसा ही काम आज सभी मुंबईकर व आम लोगों को करने की जरूरत है। उनके स्वागत में उमड़ी आमलोगों व युवाओं की भीड़ ने भी संदेश दे दिया कि मुंबई किसी की जागीर नहीं है, हम सब भारतवासियों की है। राहुल के एक ही हौसले से शिवसैनिक व महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना आज बैकफुट पर आ गई। उनके नेता रुआंसे होकर यह कहने पर मजबूर हुए कि राहुल का हमने सैद्धांतिक विरोध किया। शाहरुख खान के मामले में भी शिवसैनिक के नेता नरम हो गए। उन्होंने टाकीज मालिकों को शाहरुख की नई फिल्म ‘माइ नेम इज खान’ के प्रदर्शन पर रोक लगाने संबंधी किसी भी तरह की धमकी देने से साफ इंकार कर दिया। यह सब हुआ राहुल गांधी के एक साहस से। यही साहस सभी भारतवासियों व आम लोगों में होने की जरूरत है।
4 comments:
ऐसा ही काम आज सभी मुंबईकर व आम लोगों को करने की जरूरत है।
आम भारतीय कर तो ले मगर उन्हे युवराज की तरह पूरी राज्य सरकार व पुलिस दल का संरक्षण नहीं मिलेगा. न ही उसके लिए शिवसेनिकों को जेलों में भरा जाएगा. हाथ बाँध कर बहादूर तो कोई भी हो सकता है जनाब.
भईया चंद्राकर राहुल जी का गुण गान बहुत अच्छा रहा ठन्डे पावर (शरद पवार ) की बहादुरी के बारे में क्या राय है (शरद पवार ने लगाई बाल ठाकरे से गुहार )
सादर ३
प्रवीण पथिक
9971969084
बकअप शंकर्।
hmmm....rahul jage to thoda der jaage .....
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